गाजीपुर-सत्यदेव सिह एक व्यक्ति नहीं विचार का नाम है-प्रो०हरिकेश सिंह

गाजीपुर। सत्यदेव ग्रुप आफ कॉलेजेस के संस्थापक कर्मवीर सत्यदेव सिंह जी के चतुर्थ पुण्यतिथि आज सत्यदेव पॉलिटेक्निक में मनाई गई जिसमें जिले के गणमान्य व्यक्तियों को डॉक्टर आनंद सिंह द्वारा माल्यार्पण कर उनका अभिनंदन एवं अंगवस्त्रम प्रदान कर उनका स्वागत एवं अभिनंदन किया गया इस कार्यक्रम में सत्य देव इंटरनेशनल स्कूल के बच्चों द्वारा स्वागत गान एवं अन्य कार्यक्रमों ने सभी आए हुए आगंतुकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ बीनू अरुण पूर्व महासचिव विश्व हिंदी सचिवालय मारीशस के अध्यक्ष रामायण सेंटर मारीशस के विचारों ने सभी श्रोताओं को उत्साह वर्धन से भर दिया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता प्रोफ़ेसर हरिकेश सिंह पूर्व कुलपति जयप्रकाश विश्वविद्यालय छपरा ने अपने बहुमूल्य विचारों को व्यक्त करते हुए कहा कि सत्यदेव सिंह जी एक व्यक्ति का नाम नहीं बल्कि एक विचार का नाम है, जिसने अपने विचारों, भावनाओं एवं कर्मों के द्वारा इस जिले का नाम रोशन किया है।उन्होंने अपने विचारों को व्यक्त करते हुए कहा कि स्वर्गीय सत्यदेव सिंह जी का सपना सत्यदेव डिग्री कॉलेज को एक विश्वविद्यालय का मूर्त रूप प्रदान करना था जिसका स्वरूप अभी से दिखाई देने लगा है।

प्रो विनोद मिश्र पूर्व महासचिव विश्व हिंदी सचिवालय मारीशस कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि थे। उन्होंने कर्मवीर सत्यदेव सिंह को भावभीनी श्रद्धांजलि दी।इस अवसर पर संस्था के एमडी डॉक्टर सानंद सिंह ने स्वर्गीय सत्यदेव सिंह जी को याद करते हुए कहा कि सिंह ने इस जिले को शिक्षा के क्षेत्र में बहुत आगे बढ़ाया। जिसके चलते इस क्षेत्र के छात्र-छात्राएं विभिन्न कोर्सों में अध्ययन कर जिले का नाम रोशन कर रही हैं। इस कार्यक्रम का संचालन हरिनारायण जी प्रख्यात कवि कवि ने किया एवं पूर्वांचल और देश के आए हुए विभिन्न विद्वानों ने अपने अपने विचारों को अभिव्यक्त किया।

इसी क्रम में आए हुए समस्त मेहमानों का आभार डॉ आनंद कुमार सिंह सीएमडी सत्यदेव ग्रुप आफ कॉलेज गाजीपुर ने किया। उन्होंने अपने विचार के माध्यम से विद्वत जनों को अच्छे अच्छे कार्य करने के लिए प्रेरित किया। इस कार्यक्रम में सत्यदेव डिग्री कॉलेज के प्राचार्य डॉ राम चंद्र दुबे, कॉलेज के अन्य प्राध्यापक गण एवं सत्यदेव इंस्टीट्यूट आफ पॉलिटेक्निक के प्राचार्य अजीत यादव ,सत्यदेव फार्मेसी के प्राचार्य डॉ तेज प्रताप यादव एवं समस्त स्टाफ ने उपस्थित होकर इस कार्यक्रम को सफल बनाया।