गाजीपुर-सरकारी आवास पर अबैध कब्जा, धरने पर कर्मचारी

गाजीपुर-जमानिया विकासखंड कार्यालय के पास बुधवार को सरकारी आवास में अवैध रूप से अतिक्रमण कर रह रहे स्वास्थ्य कर्मियों से खाली कराने को लेकर विकासखंड के कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार कर धरना प्रदर्शन किया।

विकासखंड के कर्मचारी शंभू नारायण मिश्रा का आरोप है कि विकासखंड के कर्मचारियों के लिए बने सरकारी आवास में रह रहे, स्वास्थ्य विभाग के लोगों को कई बार खाली करने की नोटिस दिया गया लेकिन उन्होंने आज तक आवास खाली नहीं किया। वहीं स्वास्थ्य विभाग के दो कर्मचारियों ने आवास नही खाली करने को लेकर उच्च न्यायालय का भी सहारा लिया लेकिन हाईकोर्ट ने इन कर्मचारियों को राहत देने से इनकार करते हुए आवास को तत्काल खाली करने का फरमान सुना दिया। इसके बाद भी इन स्वास्थ्य कर्मियों ने आज तक आवास खाली नहीं किया। विकास खंड कार्यालय से लगातार नोटिस और आदेश देने का सिलसिला जारी रहा लेकिन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी इसे अनसुना करते रहे। इससे दुखी होकर विकासखंड के कर्मचारियों कार्य बहिष्कार कर धरना देने का फैसला किया। धरना देने से पूर्व कर्मचारियों ने एसडीएम, कोतवाल सहित विकासखंड के अधिकारियों को भी इसकी सूचना दी, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। जिस कारण से धरना पर बैठने के लिए यह लोग बाध्य हुए। धरना पर बैठने वाले कर्मचारियों का कहना है कि जब तक आवास खाली नहीं होगा तब तक उनका कार्यबहिष्कार व धरना प्रदर्शन जारी रहेगा।ब्लॉक कर्मचारी मोहम्मद असद अंसारी में कहा कि न्यायालय के निर्देश का पालन होना चाहिए और आवास को यथाशीघ्र खाली कराने के बाद ही कर्मचारी काम पर लौटेंगे।जब सरकारी कर्मचारियों से न्यायालय के आदेश का पालन कराने में इतना अधिक का समय लग गया तो आम लोगों की क्या बिसात है ? न्यायपालिका के आदेश के पालन कराने के संबंध में वीडियो हरिनारायण ने बताया कि जल्द ही आवास को खाली करा लिया जाएगा, उच्चाधिकारियों से वार्ता की जा रही है। धरना पर बैठे कर्मचारियों को समझाने का प्रयास किया जा रहा है। कर्मचारियों का आरोप है कि महिला अवैध अतिक्रमण कारी जो आवास में रहती है वह गंदगी फैल आती है और मना करने पर कार्यालय तक पहुंच कर अभद्रता करती है और मुकदमे में फंसाने का धमकी देती है।