गाजीपुर: विश्व आटिज्म दिवस पर समर्पण संस्था ने आयोजित किया गोष्ठी

गाजीपुर:आज दिनांक 3 अप्रैल 2025 को समर्पण संस्था शास्त्री नगर गाजीपुर द्वारा विश्व स्वलीनता/आटिज्म दिवस जागरूकता कार्यक्रम मनाया गया। इस अवसर पर समर्पण संस्था एवं राजेश्वरी विकलांग विद्यालय एवं व्यवसायिक प्रशिक्षण केंद्र शास्त्री नगर गाजीपुर के विशेष शिक्षक एवं विशेष शिक्षिकाओं ने नगर के वीर एकलव्य उच्चतर माध्यमिक विद्यालय फतेहऊल्लापुर गाजीपुर में गोष्ठी का आयोजन करते हुए ,बच्चों को विश्व स्वलीनता दिवस के रूप में विस्तार पूर्वक बताया।इस अवसर पर संस्था की शिक्षिका रागिनी सिंह ने बताया कि संयुक्त राष्ट्र महासभा ने सर्वसम्मति से 2008, 2 अप्रैल को वर्ल्ड ऑटिज्म डे दिवस के रूप में घोषित किया। ताकि ऑटिज्म पीड़ित व्यक्ति के जीवन में गुणवत्ता पूर्वक सुधार लाने में मदद करने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला जा सके। इस अवसर पर विद्यालय के अध्यापक अशोक कुमार यादव ने बच्चों को बताया की आटिज्म कोई इलाज नहीं है लेकिन चिकित्सकीय और व्यवहारिक मार्गदर्शन से जीवन के गुणवत्ता में काफी सुधार हो सकता है। इसी क्रम में सुमित्रा सिंह ने बताया कि एएसडी से पीड़ित लोगों में निम्नलिखित लक्षण दिखते हैं जैसे-
किसी के द्वारा अपना नाम पुकारे जाने पर प्रतिक्रिया देने में असफल होना या देरी करना, इकोलेलिया (एक ही वाक्यांश को बार-बार दोहराना),बार-बार होने वाली हरकतें, जैसे हाथों को फड़फड़ाना, आगे-पीछे हिलना, उंगलियाँ हिलाना, अन्य लोगों के साथ बातचीत करने में सीमित रुचि,संवेदी उत्तेजनाओं, जैसे ध्वनि, गंध, रंग और रोशनी के प्रति अति या अल्प संवेदनशीलता, दिनचर्या आदि में थोड़े से बदलाव से परेशान हो जाना है। इस अवसर पर अमरनाथ गुप्ता, अभिषेक सिंह ,सूचित कुमार, लक्ष्मी वर्मा राजेश कुमार के साथ-साथ विद्यालय के समस्त अध्यापक अध्यापिका कर्मचारी एवं बच्चे उपस्थित रहे।