पुलिस और अपराधियों के मिलीभगत से हुई हत्या – अजय राय कां०प्र०अ०

गाजीपुर, 06 जून 2026 – होटल व्यवसायी विनीत राय हत्याकांड ने अब प्रदेश की सियासत को गरमा दिया है। रविवार को कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय गाजीपुर पहुंचे और बड़ीबाग स्थित मृतक विनीत राय के आवास पर जाकर परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाया और प्रदेश सरकार व पुलिस प्रशासन पर तीखा हमला बोला। सुनियोजित साजिश के तहत हुई हत्या:मीडिया से बातचीत में अजय राय ने कहा कि विनीत राय की हत्या कोई सामान्य अपराध नहीं, बल्कि एक सुनियोजित साजिश के तहत की गई वारदात है। उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि हत्या से पहले पीड़ित परिवार को लगातार धमकियां मिल रही थीं। होटल पर मारपीट और तोड़फोड़ की घटनाएं भी हो चुकी थीं, लेकिन पुलिस ने समय रहते कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। आरोपियों को पकड़कर सौंपा, फिर भी नहीं हुई कार्रवाई:कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि परिजनों ने खुद आरोपित गिरोह के लोगों को पकड़कर पुलिस के हवाले किया था। इसके बावजूद पुलिस ने उन पर सख्त एक्शन नहीं लिया। अजय राय ने सीधा आरोप लगाया कि पुलिस और अपराधियों की मिलीभगत के कारण ही इतनी बड़ी घटना को अंजाम दिया गया। प्रदेश में ध्वस्त है कानून व्यवस्था:अजय राय ने कहा कि उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। आम जनता का भरोसा अब प्रशासन से उठता जा रहा है। उन्होंने कुछ महीने पहले नोनहरा थाने में हुई सियाराम उपाध्याय की मौत का मामला भी उठाया। कहा कि उस केस में भी दोषियों पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई, जिससे अपराधियों के हौसले बुलंद हैं। एनकाउंटर और पथराव पर भी उठाए सवाल:एक लाख के इनामी बदमाश के एनकाउंटर और उसके बाद हुए पथराव की घटना पर पूछे गए सवाल के जवाब में अजय राय ने कहा कि प्रदेश में प्रशासनिक व्यवस्था का प्रतिबिंब कमजोर पड़ चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस और अपराधियों के बीच बढ़ती नजदीकियां कानून व्यवस्था के लिए गंभीर चुनौती बन चुकी हैं। इससे जनता खुद को असुरक्षित महसूस कर रही है। संजय निषाद के बयान पर टिप्पणी से इन्कार:हालांकि कैबिनेट मंत्री संजय निषाद के बयान को लेकर पूछे गए सवाल पर अजय राय ने कोई टिप्पणी करने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि फिलहाल उनकी प्राथमिकता पीड़ित परिवार को न्याय दिलाना है।विनीत राय हत्याकांड के बाद से गाजीपुर में तनाव का माहौल है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष के दौरे और उनके बयानों के बाद यह मामला अब राजनीतिक रंग लेता जा रहा है। विपक्ष लगातार योगी सरकार को कानून व्यवस्था के मुद्दे पर घेर रहा है।







