ग़ाज़ीपुर

बिजली विभाग की लापरवाही ने ली मां-बेटी की जान

सैदपुर (गाजीपुर) – थाना क्षेत्र के बलुआ भीरा गांव में बिजली विभाग की लापरवाही एक मां और उसकी बेटी की जान ले गई। खेत में खरपतवार साफ करते समय विद्युत पोल के स्टे वायर में उतरे करंट की चपेट में आने से दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।प्राप्त जानकारी के अनुसार गुरुवार सुबह गांव निवासी 45 वर्षीय सीमा देवी अपनी सबसे छोटी बेटी 15 वर्षीय खुशी के साथ घर के पास स्थित खेत में धान की रोपाई से पहले खरपतवार साफ कर रही थीं। खेत के पास ही विद्युत पोल लगा हुआ था। परिजनों का आरोप है कि स्टे वायर में कई दिनों से करंट उतर रहा था। जैसे ही सीमा स्टे वायर के पास खरपतवार साफ करने पहुंचीं, वह करंट की चपेट में आकर उससे चिपक गईं।यह देखकर थोड़ी दूर काम कर रही बेटी खुशी मां को बचाने दौड़ी। मां का हाथ पकड़ते ही वह भी करंट की जद में आ गई। करंट लगने से मां-बेटी दोनों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।ग्रामीणों ने तत्काल बिजली सप्लाई बंद कराकर दोनों को सैदपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। जहां डॉक्टर ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम की कार्रवाई शुरू कर दी है।आक्रोशित परिजनों का कहना है कि खंभे में करंट उतरने की शिकायत कई बार विद्युत कर्मियों से की गई थी, लेकिन उसे ठीक नहीं किया गया। इसी लापरवाही से यह दुर्घटना हुई है।सूचना पर मौके पर पहुंची एसडीएम ज्योति चौरसिया ने दुखद घटना पर शोक व्यक्त करते हुए परिजनों को सरकार की तरफ से आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया।वहीं मौजूद पुलिस क्षेत्राधिकारी रामकृष्ण तिवारी ने परिजनों से कहा कि यदि बिजली विभाग के खिलाफ लिखित शिकायत दी जाए तो मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद मृतका सीमा देवी के पति राममूरत यादव ने बिजली विभाग के खिलाफ शिकायत पत्र पुलिस को सौंपा।सैदपुर पुलिस इंस्पेक्टर अनिल सिंह ने बताया कि परिजनों से तहरीर प्राप्त हो गई है, जिस पर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।मृतक सीमा देवी के पति राममूरत यादव बकरी, भैंस, गाय पालन के साथ किराए के खेतों पर खेती कर परिवार चलाते हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर है।राममूरत की कुल 5 संतानें हैं। सबसे बड़ी बेटी सीता की शादी हो चुकी है। बेटा पिंटू मुंबई में मजदूरी करता है, जो घटना की सूचना मिलते ही परिवार के साथ घर के लिए निकल चुका है। 12वीं की छात्रा मौसम और 10वीं का छात्र अरविंद उर्फ छोटू के अलावा सबसे छोटी कक्षा 8 की छात्रा खुशी भी थी।हादसे के बाद से घर में कोहराम मचा है। पिता और 4 भाई-बहनों का रो-रो कर बुरा हाल है।