ग्रामीण रोज़गार योजना का खाद्यान्न हड़प्पा, 20 वर्ष पुराने मामले में हुई गिरफ्तारी

जौनपुर/वाराणसी, 09 जून 2026 – करीब दो दशक पुराने खाद्यान्न घोटाले में आर्थिक अपराध अनुसंधान संगठन (EOW) वाराणसी ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जौनपुर के एक कोटेदार को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर वर्ष 2004-05 में सम्पूर्ण ग्रामीण रोजगार योजना के तहत 16.50 लाख रुपये के सरकारी धन के गबन का आरोप है। मजदूरों के हक का चावल हड़पा: जानकारी के मुताबिक विकास खंड केराकत के गांवों में नाली निर्माण, संपर्क मार्ग और मिट्टी भराई के काम प्रस्तावित थे। योजना के तहत काम करने वाले मजदूरों को मजदूरी के बदले खाद्यान्न यानी चावल दिया जाना था। आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारियों और अन्य लोगों ने मिलीभगत कर फर्जी दस्तावेज तैयार किए और करीब 16.50 लाख रुपये के सरकारी चावल का गबन कर लिया। वर्ष 2020 में दर्ज हुआ था केस :इस मामले में वर्ष 2020 में थाना ईओडब्ल्यू वाराणसी में मुकदमा दर्ज किया गया था। लंबी जांच के बाद मिले साक्ष्यों के आधार पर ईओडब्ल्यू टीम ने आरोपी सुरेंद्र प्रताप सिंह निवासी ग्राम हुरहुरी, थाना केराकत, जनपद जौनपुर को गिरफ्तार कर लिया। उस पर अन्य अभियुक्तों के साथ मिलकर सरकारी धन के गबन में शामिल होने का आरोप है। एसपी के निर्देशन में हुई गिरफ्तारी:पुलिस अधीक्षक प्रदीप कुमार के निर्देशन में गठित टीम ने सोमवार सुबह केराकत क्षेत्र से आरोपी को दबोचा। कार्रवाई करने वाली टीम में निरीक्षक सुनील कुमार वर्मा, निरीक्षक करुणेश सिंह, मुख्य आरक्षी प्रिंस तिवारी, रामाश्रय सिंह और सरफराज अंसारी शामिल रहे।








